शनि शिंगनापुर — महाराष्ट्र के अहमदनगर जिले में। शनिदेव का प्रसिद्ध-मन्दिर। 5 फीट काली-शिला (स्व-प्रकट)।
अद्वितीय-गाँव: किसी घर में दरवाज़ा-नहीं। शनिदेव सुरक्षा-देवता। 350+ वर्ष कोई-चोरी-नहीं।
✦ गाँव की अद्वितीयता
कोई-दरवाज़ा-नहीं।
कोई-तिजोरी-नहीं।
कोई-ताला-नहीं।
सोने-गहने खुले रखे जाते।
SBI ने पहली बार ताला-रहित-शाखा खोली।
350+ वर्ष में कोई-चोरी-नहीं।
शनिदेव सुरक्षा-कारक।
✦ पौराणिक-कथा
400 वर्ष पूर्व बाढ़ में काली-शिला आई।
चरवाहे ने छड़ी से चूकी — रक्त-निकला।
शनिदेव ने सपने में: "खुले-आसमान-नीचे रखो।"
यदि छत-बनी, गाँव-नष्ट होगा।
तब से खुले-आसमान-नीचे।
किसी-भी-छत-निर्माण से समस्या।
✦ दर्शन-नियम
सुबह 4:00 — रात्रि 11।
24×7 दर्शन-शनिवार।
तेल-अर्पण: ₹100।
VIP: ₹500।
पुरुष: धोती-बदलें।
स्त्रियाँ: 2016 SC के बाद प्रवेश।
केवल-गर्भ-गृह तक स्त्री-प्रतिबन्ध हटा।
शनि-अमावस्या (शनिवार + अमावस्या): अति-भीड़।
✦ पहुँच
औरंगाबाद से 84 किमी।
शिर्डी से 70 किमी।
नज़दीकी रेलवे: राहता पिमपलगाँव।
हवाई: औरंगाबाद/शिर्डी।
मुम्बई से 320 किमी।
शनि-शिंगनापुर + शिर्डी 2-दिन-यात्रा।
📚स्रोत एवं सन्दर्भ-ग्रन्थ
इस लेख की सामग्री निम्नलिखित शास्त्रीय एवं आधुनिक प्रामाणिक स्रोतों से सत्यापित है। पाठक मूल-स्रोतों से स्वतन्त्र-सत्यापन कर सकते हैं।
- ▪सूर्य सिद्धान्त — शास्त्रीय संस्कृत खगोलशास्त्र ग्रन्थ (~5वीं सदी ईसवी)
- ▪बृहत् पाराशर होरा शास्त्र — महर्षि पराशर रचित वैदिक ज्योतिष का मूल-ग्रन्थ
- ▪मुहूर्त चिन्तामणि — राम दैवज्ञ रचित (16वीं सदी), मुहूर्त-शास्त्र का मानक-ग्रन्थ
- ▪Astronomical Algorithms — Jean Meeus (Willmann-Bell, 1998); इस साइट के सभी खगोलीय गणनाओं का आधार
- ▪लाहिरी अयनांश — भारतीय कैलेण्डर सुधार समिति (1955) द्वारा अंगीकृत मानक सायन-निरयण रूपान्तरण
✦ अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
गाँव में दरवाज़े सच में नहीं?▼
हाँ। आधुनिक-घर भी पर्दे/लकड़ी-शटर। दरवाज़ा-निषेध। शनिदेव-कोप-भय।
2016 स्त्री-प्रवेश-निर्णय?▼
महिला-कार्यकर्ताओं की मांग पर SC ने प्रवेश-अनुमति दी। पारम्परिक-वर्जना समाप्त।
🔗सम्बन्धित विषय
सूचना: यह सामग्री शैक्षिक एवं सांस्कृतिक सन्दर्भ हेतु प्रकाशित है। व्यक्तिगत धार्मिक/ज्योतिषीय निर्णयों के लिए कृपया योग्य पंडित अथवा ज्योतिषी से परामर्श लें।