पीपल-वृक्ष — हिन्दू-धर्म का सर्व-पवित्र-वृक्ष। ब्रह्मा (मूल), विष्णु (तना), शिव (पत्ते) तीनों-निवास। बुद्ध को बोधि-वृक्ष-नीचे ज्ञान।
गीता: "अश्वत्थ:सर्व-वृक्षाणाम्" (सब वृक्षों में पीपल मैं हूँ)। पुराण-शास्त्र-वर्णित।
✦ धार्मिक-महत्त्व
ब्रह्मा-विष्णु-शिव त्रिमूर्ति-वास।
लक्ष्मी का प्रिय-वृक्ष।
शनि-दोष-निवारक।
पितृ-वास।
पीपल-काटना महा-पाप।
पीपल-छाया में भोजन शुभ।
पीपल-नीचे ध्यान आध्यात्मिक-शक्ति।
✦ पूजा-विधि
**शनिवार**: सर्वोत्तम-दिन।
प्रातः-स्नान।
सरसों-तेल-दीपक मूल पर।
जल + दूध + चीनी।
7-परिक्रमा।
मंगलवार-वर्जित (अशुभ)।
मन्त्र: "अश्वत्थ-वासिने श्री हरि नमः"।
✦ विशेष-उपाय
**शनि-दोष**: शनिवार पीपल-तेल-दीप 7 शनिवार।
**पितृ-दोष**: अमावस्या पर पूजा।
**बीमारी**: रोगी का नाम लेकर परिक्रमा।
**सन्तान**: स्त्रियाँ पीपल-तने में धागा।
**विवाह**: पीपल-वट-विवाह (कुम्भ-विवाह-तुल्य)।
**विद्या**: छात्र पीपल-पत्र पुस्तक में।
✦ वैज्ञानिक-तथ्य
एकमात्र-वृक्ष जो रात में भी ऑक्सीजन देता।
24×7 ऑक्सीजन-स्रोत।
100+ वर्ष आयु।
30 मीटर ऊँचा।
औषधीय: छाल पाचन-सुधार। पत्ते मधुमेह।
पर्यावरण-मित्र।
कार्बन-शोषक।
📚स्रोत एवं सन्दर्भ-ग्रन्थ
इस लेख की सामग्री निम्नलिखित शास्त्रीय एवं आधुनिक प्रामाणिक स्रोतों से सत्यापित है। पाठक मूल-स्रोतों से स्वतन्त्र-सत्यापन कर सकते हैं।
- ▪सूर्य सिद्धान्त — शास्त्रीय संस्कृत खगोलशास्त्र ग्रन्थ (~5वीं सदी ईसवी)
- ▪बृहत् पाराशर होरा शास्त्र — महर्षि पराशर रचित वैदिक ज्योतिष का मूल-ग्रन्थ
- ▪मुहूर्त चिन्तामणि — राम दैवज्ञ रचित (16वीं सदी), मुहूर्त-शास्त्र का मानक-ग्रन्थ
- ▪Astronomical Algorithms — Jean Meeus (Willmann-Bell, 1998); इस साइट के सभी खगोलीय गणनाओं का आधार
- ▪लाहिरी अयनांश — भारतीय कैलेण्डर सुधार समिति (1955) द्वारा अंगीकृत मानक सायन-निरयण रूपान्तरण
✦ अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
पीपल काटना पाप क्यों?▼
त्रिमूर्ति-वास। पुराण-निषेध। आधुनिक: पर्यावरण-हानि। यदि अनिवार्य: यज्ञ + नया-वृक्षारोपण।
पीपल-नीचे क्यों न-सोयें?▼
मान्यता: रात्रि में पितृ-निवास। आधुनिक: रात में अधिक-ऑक्सीजन-स्तर ठीक नहीं सब-को।
🔗सम्बन्धित विषय
सूचना: यह सामग्री शैक्षिक एवं सांस्कृतिक सन्दर्भ हेतु प्रकाशित है। व्यक्तिगत धार्मिक/ज्योतिषीय निर्णयों के लिए कृपया योग्य पंडित अथवा ज्योतिषी से परामर्श लें।