मेहंदी डिज़ाइन

मेहंदी डिज़ाइन

— ६ पारम्परिक एवं समकालीन शैलियाँ —

मेहंदी (हीना) भारत-पाकिस्तान-अरब-उत्तर अफ्रीका की सहस्र-वर्षीय परम्परा है। हाथ-पैर पर लगाये गये डिज़ाइन सौभाग्य, मंगल, एवं प्रेम के प्रतीक हैं। विवाह में दुल्हन की मेहंदी सबसे विस्तृत होती है — उसमें दूल्हे का नाम छिपाया जाता है। नीचे की ज्यामितीय रूपरेखाएँ विभिन्न शैलियों की प्रेरणा प्रदान करती हैं।

६ मेहंदी डिज़ाइन

1. पुष्प मण्डल मेहंदी

राजस्थानी

📅 सामान्य त्यौहार

2. पैस्ले (आम-कली) मेहंदी

पारम्परिक उत्तर भारतीय

📅 विवाह, करवा चौथ

3. अरबी ज्यामितीय

अरेबियन

📅 सामान्य

4. दुल्हन वेल मेहंदी

पूर्ण-हाथ भारतीय

📅 विवाह — दूल्हन

5. सरल भारतीय

न्यूनतम

📅 दैनिक, छोटे त्यौहार

6. आधुनिक फ्यूज़न

समकालीन

📅 सगाई, कॉकटेल

मेहंदी लगाने की विधि

1हाथ साफ एवं तेल-रहित — साबुन से धोएँ
2हाथ पर नीलगिरी तेल लगाएँ — रंग गहरा आये
3हाथ की हथेली एवं उँगलियों पर डिज़ाइन शुरू
4चित्रण के बाद ४-६ घंटे सूखने दें
5सूखी मेहंदी को छीलें — पानी से न धोएँ
6सरसों तेल अथवा बाम लगाएँ — रंग और गहरा करे
7१२ घंटे पानी से बचें — सर्वोत्तम रंग आये

क्षेत्रीय शैलियाँ

राजस्थानी

पुष्प एवं पैस्ले — समृद्ध भरावदार

अरेबियन

पुष्प-वेल एवं ज्यामितीय रेखाएँ — खाली स्थान अधिक

पाकिस्तानी

अति-सूक्ष्म एवं विस्तृत — पूर्ण-हाथ

मरोक्कन

ज्यामितीय आकार — कोणीय भरावदार

दक्षिण भारतीय

सादगी एवं छोटे डिज़ाइन — अरेबियन से प्रभावित

समकालीन फ्यूज़न

पारम्परिक + आधुनिक मिश्रण — मिनिमलिस्ट