ಪಂಚಾಂಗ ಮತ್ತು ಹಿಂದೂ ಕ್ಯಾಲೆಂಡರ್ ಜಗತ್ತಿಗೆ
बहरोड़ · राजस्थान
अन्य वर्तनी: bhrigu-pradosh-vrat, shukra-pradosh, shukravar-pradosh, friday-pradosh, bhrigu-pradosham, bhrigupradosh
बहरोड़, राजस्थान में भृगु प्रदोष व्रत 2037 का स्थानीय अवलोकन: हमारी गणना बहरोड़ के स्थानीय सूर्योदय (निर्देशांक 27.88°N, 76.28°E) पर आधारित है — स्थानीय पंचांग समय के लिए सटीक। भृगु प्रदोष व्रत — शुक्रवार को पड़ने वाला प्रदोष (त्रयोदशी तिथि)। शुक्र (भृगु) प्रदोष — समृद्धि, ऐश्वर्य, सौभाग्य एवं दाम्पत्य-सुख हेतु शिव-व्रत; प्रदोष-काल में शिव-पूजन एवं शुक्र-स्तोत्र पाठ। वर्ष में सामान्यतः 3-5 अवसर।
भृगु प्रदोष व्रत (bhrigu-pradosh-vrat, shukra-pradosh) की बहरोड़, राजस्थान के लिए 2037 की सम्पूर्ण सूची। भृगु प्रदोष व्रत — शुक्रवार को पड़ने वाला प्रदोष (त्रयोदशी तिथि)। शुक्र (भृगु) प्रदोष — समृद्धि, ऐश्वर्य, सौभाग्य एवं दाम्पत्य-सुख हेतु शिव-व्रत; प्रदोष-काल में शिव-पूजन एवं शुक्र-स्तोत्र पाठ। वर्ष में सामान्यतः 3-5 अवसर। गणना 27.8833° अक्षांश, 76.2833° देशान्तर पर आधारित — शास्त्रीय सूत्रों से सटीक।
✦ बहरोड़ में अगला भृगु प्रदोष व्रत: 27 फ़र॰, 10:13 pm से प्रारम्भ। पूर्ण सूची नीचे।
बहरोड़ के लिए 5 भृगु प्रदोष व्रत
आरम्भ:शुक्र, 27 फ़र॰, 10:13 pm
अन्त:28 फ़र॰, 6:54 pm
भृगु प्रदोष व्रत
आरम्भ:शनि, 14 मार्च, 2:45 am
अन्त:15 मार्च, 5:28 am
भृगु प्रदोष व्रत
आरम्भ:शुक्र, 10 जुल॰, 6:30 pm
अन्त:11 जुल॰, 5:24 pm
भृगु प्रदोष व्रत
आरम्भ:शुक्र, 24 जुल॰, 1:02 pm
अन्त:25 जुल॰, 1:19 pm
भृगु प्रदोष व्रत
आरम्भ:शुक्र, 04 दिस॰, 6:04 pm
अन्त:05 दिस॰, 3:22 pm
भृगु प्रदोष व्रत
भृगु प्रदोष व्रत — शुक्रवार को पड़ने वाला प्रदोष (त्रयोदशी तिथि)। शुक्र (भृगु) प्रदोष — समृद्धि, ऐश्वर्य, सौभाग्य एवं दाम्पत्य-सुख हेतु शिव-व्रत; प्रदोष-काल में शिव-पूजन एवं शुक्र-स्तोत्र पाठ। वर्ष में सामान्यतः 3-5 अवसर।
इस पेज पर ऊपर 2037 की सम्पूर्ण भृगु प्रदोष व्रत सूची दी गयी है — 27.8833° अक्षांश, 76.2833° देशान्तर पर आधारित।
नया कार्य, यात्रा, विवाह, गृह-प्रवेश आदि शुभ कार्य भृगु प्रदोष व्रत काल में नहीं करने चाहिए। विस्तृत मार्गदर्शन के लिए नीचे बहरोड़ के लिए 2037 की पूरी सूची देखें।
गणना बहरोड़ (राजस्थान) के अक्षांश 27.8833°, देशान्तर 76.2833° पर शास्त्रीय सूत्रों (Surya Siddhanta + लाहिरी अयनांश) से की जाती है।
पेज पर ऊपर "अगला" बैज देखें — हर मिनट अपडेट होता है।
लेखक: मुहूर्त चौघड़िया सम्पादकीय टीम
पंचांग एवं मुहूर्त सन्दर्भ
✦ प्रकाशित: • समीक्षित:
✦ मुहूर्त चौघड़िया सम्पादकीय टीम द्वारा संकलित ✦
✦ अभी तक कोई टिप्पणी नहीं ✦
पहली टिप्पणी करें!